आने वाला कल बहुत उज्जवल नज़र आता है
क्योंकि हर बच्चा product और
teacher robot नज़र आता है
डांट दो तो mental torture है
थप्पड़ मारो तो court martial है
suspend करना कानून के खिलाफ है
आधुनिक युग के इस सफ़र में
आदमी ने बहुत कुछ खोया है
उसे एहसास ही नहीं कि किसी
अध्यापक ने उसे सवांरा है
उसकी अनसुलझी पहेलियों को सुलझाया है
कभी डांट से, कभी प्यार से
उसकी ज़िन्दगी को निखारा है
कल के student का अपना वजूद होगा
degree के अलावा
उसके school का दिया
कुछ नहीं होगा
शिक्षा का ये कैसा
आधुनिकरण हो गया है
विद्यार्थी का ये कैसा मशीनीकरण हो गया है ?
शायद इसी लिए आदमी में बसा इंसान
सो गया है
गनीमत है three idiots में केवल
तीन idiot ही थे
यहाँ तो पूरी जनमत तैयार है
उम्मीद अभी भी बाकी है
मिटी नहीं है आस
अभी भी मुझे है
एक एकलव्य की तलाश।